संघर्ष संवाद
Sangharsh Samvad

तमिलनाडु : बंद दरवाजों के पीछे बमुश्किल सांस लेता सेपक्कम गांव

मेरा नाम नागम्मल है और मैं 34 साल की हूं। मेरा अब तक का पूरा जीवन सेपक्कम गांव में बीता है, जो उत्तरी तमिलनाडु में स्थित है। यह नॉर्थ चेन्नई थर्मल पॉवर स्टेशन (एनसीटीपीएस) द्वारा बनाए गए एक ऐश पॉन्ड के किनारे बसा है। पहले मेरे गांव में 300 घर थे, लेकिन राख से होने वाले प्रदूषण से बचने के लिए अब बहुत से लोगों ने यहां से पलायन कर लिया है। यहां के…
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हिमाचल प्रदेश: लाहौल स्पीति में जलविद्युत परियोजना के खिलाफ जनता का विरोध प्रदर्शन

बीते 23 मई  को लाहौल स्पीति एकता मंच के बैनर तले लाहौल स्पीति के उदयपुर में बड़ी संख्या में स्थानीय लोगों…

कोयला खदान के लिए भूमि अधिग्रहण: नियम, प्रक्रिया और भूमि स्वामियों के अधिकार

भारत में कोयला खनन जैसे औद्योगिक या सार्वजनिक उद्देश्यों के लिए भूमि अधिग्रहण एक जटिल और संवेदनशील मुद्दा रहा है।…

नदियों को नाथने के नतीजे

नदियां सिर्फ नदियां नहीं हैं, ये हमारा सांस्‍कृतिक जीवन भी हैं। नदियों का निर्मल जल दोनों किनारों और दियारे की हरी-भरी उर्वर भूमि, फैली रेत, असंख्‍य जीव-जन्‍तु, तरह-तरह के पेड़-पौधे और वनस्‍पतियां और करोड़ों-करोड़ लोग, हंसते, गाते और कभी दुख में आंसू बहाते, सब मिलकर बनता है नदियों का संसार। मनुष्‍य ने इन नदियों से बहुत कुछ पाया है। ये हमारी पालनहार…
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भारत के सीवरों और सेप्टिक टैंकों में खत्म न होने वाली त्रासदी मैनुअल स्कैवेंजिंग

भारत  जब सरकार यह दावा करती है कि भारत में मैनुअल स्कैवेंजिंग का उन्मूलन हो चुका है, उस समय देशभर में सीवर और…

जनसुनवाई: सिलिकोसिस पीड़ित श्रमिकों को देरी, उदासीनता और दलाली के मामलों ने झकझोरा

मंगलवार, 20 मई को बिजोलिया की ज़मीन पर इंसाफ की एक आवाज़ गूंजी – एक ऐसी जनसुनवाई हुई जिसमें सिलिकोसिस से पीड़ित…

UP: श्रमकोड और मनरेगा भुगतान में देरी के विरोध में संगतिन किसान मजदूर संगठन का विरोध प्रदर्शन

मनरेगा में देरी से मजदूरी भुगतान के लिए कानून के अनुसार तय मुआवजा न मिलने और चार श्रम कोड के विरोध में 20 मई को  संगतिन किसान मजदूर संगठन से जुड़े सैकड़ों मजदूरों ने सीतापुर में विकास भवन के सामने धरना दिया स्थल पर एकत्रित होकर जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा। विरोध प्रदर्शन में आयीं महिलाओं ने कहा - ग्रामीण महिला, युवा, मजदूर, किसान मिश्रिख, मछरेहटा,…
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लाहौल: प्रस्तावित मेगा जलविद्युत परियोजनाओं के विरुद्ध 23 मई को विशाल विरोध रैली…

रविवार, 18 मई को लाहौल के उदयपुर मंडल के पंचायत प्रतिनिधियों के नेतृत्व में लाहौल स्पीति एकता मंच के  अध्यक्ष…

वन भूमि अतिक्रमण: सरकारी दावों में विरोधाभास,आदिवासियों के अधिकारों पर संकट

मध्यप्रदेश में वन भूमि अतिक्रमण को लेकर सरकारी आंकड़ों और दावों में गंभीर विरोधाभास सामने आया है।…

गुजरात: सरकारी अस्‍पताल के निजीकरण के प्रयासों के खिलाफ आदिवासी समुदाय का विरोध

दक्षिण गुजरात के तापी जिले में स्थित व्‍यारा के सरकारी अस्‍पताल और नव-स्वीकृत मेडिकल कॉलेज के निजीकरण के प्रयासों के खिलाफ आदिवासी समुदाय का विरोध अब राष्‍ट्रीय स्‍तर पर एक बड़ी आवाज़ में बदल चुका है। देशभर के जनसंगठनों, सार्वजनिक स्‍वास्‍थ्‍य विशेषज्ञों और मानवाधिकार कार्यकर्ताओं ने गुजरात के राज्‍यपाल को पत्र लिखकर संविधान की पांचवीं अनुसूची…
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