मिट्टी खाकर पेट भरती “माता” : बुंदेलखंड भाग दो
स्वतंत्र पत्रकार अभिषेक श्रीवास्तव ने सूखा, पलायन, भूखमरी और किसानों की आत्महत्या से पस्त बुंदेलखंड से लोट कर यह लम्बी रिपोर्ट लिखी है जिसे हम चार किस्तों में आपसे साझा करेगे. पेश है बुंदेलखंड की जमीनी हालत पर लिखी रिपोर्ट का दूसरा भाग;
बारह साल से मिट्टी फांक कर खुद को एक जिंदा गठरी में तब्दील कर चुकी शकुन रायकवार की कहानी खेतों-गांवों…
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