.
मध्य प्रदेश
मुलताई किसान आंदोलन ने बदला मेरे जीवन का रुख : डॉ सुनीलम
मध्य प्रदेश के बैतूल जिले की मुलताई तहसील के सामने 12 जनवरी 1998 को लगातार फसले खराब होने के कारण मुआवजा मॉंग रहे किसानों पर आंदोलन को कुचलने के उद्देश्य से पुलिस गोलीचालन प्रायोजित किया गया, जिसमे 24 किसान शहीद हुए, 150 किसानों को गोली लगी। सरकार ने 250 किसानों पर 66 फर्जी मुकदमे दर्ज किए। हत्या, हत्या के प्रयास, लूट, आगजनी, सरकारी काम मे बाधा…
और पढ़े...
बिजली का बिल न भरने पर पंचायत चुनाव लड़ने से रोका जाना असंवैधानिक – डॉ. सुनीलम
7 बिरुल, 10 जौलखेडा, 11 परमंडल में होगी “एक शाम शहीदों के नाम” सांस्कृतिक कार्यक्रम
मध्य प्रदेश के मुलताई में…
सुनील की पहली पुण्यतिथि : केसला में 20 – 21 अप्रैल 2015 को देशव्यापी…
प्रिय साथियों,
साथी सुनील की पहली पुण्यतिथि पर केसला में 20 एवं 21 अप्रेल को दो दिवसीय…
17वां शहीद किसान स्मृति सम्मेलन मुलताई : 12 जनवरी 2015
आर्थिक सहयोग के लिए अपील
प्रिय साथी,
जिंदाबाद!
किसान संघर्ष समिति द्वारा हर वर्ष की तरह 12 जनवरी 2015 को 17वां शहीद किसान स्मृति सम्मेलन एवं 225वीं किसान महापंचायत का आयोजन मुलताई, जिला बैतूल, म.प्र. में किया जा रहा है।
महापंचायत में हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी मुलताई घोषणा पत्र 2015 जारी किया जायेगा तथा शहीद किसानो की स्मृति में 24 प्रथम…
और पढ़े...
मुलताई एस.डी.एम. की तानाशाहीपूर्ण कार्यवाही : किसानों की अवैध गिरफ्तारी के विरोध…
मध्य प्रदेश के बैतूल जिले की मुलताई में किसान संघर्ष समिति के कार्यकारी अध्यक्ष पूर्व विधायक डॉ. सुनीलम ने…
अखिल भारत शिक्षा संघर्ष यात्रा-2014 : रैली व भोपाल महा-पड़ाव से एकजुट संघर्ष की…
शिक्षा के निजीकरण, बाज़ारीकरण व सांप्रदायीकरण के खिलाफ़ और ‘केजी से पीजी तक’ पूरी तरह मुफ़्त व सरकार द्वारा…
भोपाल गैस त्रासदी : और हमें देखते रहे !
आज 3 दिसम्बर को भोपाल गैस त्रासदी को 30 साल हो रहे हैं. 3 दिसम्बर 1984 भारतीय इतिहास का बहुत ही दुखद दिन है – जब भोपाल दुनिया की सबसे बड़ी औद्योगिकीय त्रासदी का साक्षी बना जिसमें तक़रीबन 20,000 लोगों की मौत हुई और हजारों लोग घायल हुए. इस खतरनाक गैस के लीक होने से करीब पांच लाख से ज्यादा की आबादी प्रभावित हुई और इस घटना के कारण उनतीस साल बाद भी…
और पढ़े...
महान संघर्ष समिति ने दिल्ली में कहा अबकी बार हमारा अधिकार
दिल्ली के जंतर-मंतर पर आयोजित महारैली में समिति ने लिया हिस्सा
नई दिल्ली। 2 दिसंबर, 2014। देश भर…
न्याय, शांति और सम्मान के लिए आदिवासी अधिकार पद यात्रा 20 नवम्बर 2014 से
आदिवासियों से जुड़े मसले की जांच के लिए स्वतंत्र समिति बने
लगभग 3 लाख फर्जी प्रकरण आदिवासियों के खिलाफ दर्ज…
मध्य प्रदेश शासन का आदेश : पांच वर्ष से भौतिक कब्ज़ा न किए जाने की दशा में भू-अर्जन निरस्त
ओम्कारेश्वर व् अपर बेदा बांध के हजारों प्रभावित लाभान्वित होंगे
मध्य प्रदेश सरकार ने नए भू-अर्जन कानून के सम्बन्ध में एक महत्वपूर्ण आदेश जारी किया है जिसमें स्पष्ट किया गया है कि जहाँ भू-अर्जन की प्रक्रिया को 5 वर्ष से अधिक समय बीत चुका हैं और भौतिक कब्ज़ा अभी तक नहीं लिया गया है वहाँ भू-अर्जन की कार्रवाई व्यपगत/निरस्त मानी जाएगी और यदि सरकार चाहे…
और पढ़े...