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वनाधिकार
हिमाचल प्रदेश में वन व सरकारी भूमि पर अबैध कब्जों का समाधान
पिछले कुछ वर्षों से अबैध कब्जों पर हिमाचल उच्च न्यायलय में केस चल रहा है। इस पर कई बार उच्च न्यायलय बेदखली के आदेश दे चुका है। पिछले सप्ताह जनवरी 2025 को फिर से ऐसे आदेश हिमाचल उच्च न्यायालय द्वारा दिए गए। हाईकोर्ट ने कहा कि सरकारी जमीन पर अतिक्रमण की सूचना एक माह में संबंधित अधिकारी को दी जाए और वह तुरंत कब्जा हटाए। कोर्ट ने अतिक्रमणकारियों से…
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हिमाचल प्रदेश : वन अधिकारों से वंचित किन्नौर के ग्रामीण
वन अधिकार अधिनियम को लागू हुए दो दशक होने जा रहे है लेकिन हिमाचल प्रदेश के किन्नौर जिले में अभी तक 344 व्यक्तिगत…
मध्य प्रदेश : जंगल बचा रहे अलीराजपुर के आदिवासी
आजादी के पचहत्तर साल में वन अधिकार पर अब जाकर कुछ बातें हो रही हैं और परंपरागत वनवासियों को कहीं-कहीं पट्टे दिए भी…
मध्य प्रदेश : माधुरी बेन एक साल के लिए जिला बदर; एआईकेएमएस ने निष्कासन की निंदा
एआईकेएमएस की केंद्रीय कार्यकारी ने जागृत आदिवासी दलित संगठन की नेता माधुरी पर एक साल के निष्कासन आदेश पारित करने के…
भूमि अधिकार आंदोलन का 30 जून 2023 को वन भूमि के अनियंत्रित दोहन और वन संरक्षण…
भूमि अधिकार आंदोलन की तरफ से अभिवादन! हम आशा करते है कि यह पत्र आपको कुशल स्वास्थ्य और पूरे उत्साह में प्राप्त हो।…
कैंपेन फॉर सर्वाइवल एंड डिग्निटी का राष्ट्रव्यापी आह्वान : 5 जून और 9 अगस्त 2023 को कॉर्पोरेट परस्त, सांप्रदायिक व तानाशाह सरकार के खिलाफ़ देशव्यापी प्रदर्शन
कैंपेन फॉर सर्वाइवल एंड डिग्निटी (सीएसडी) का राष्ट्रीय सम्मेलन 14-15 मई 2023 को नई दिल्ली के रतन आर्य पब्लिक स्कूल, सरोजनी नगर में आयोजित हुआ। इस सम्मेेलन में देश के 12 राज्यों के 100 से ज़्यादा जनसंगठनों के प्रतिनिधियों ने भागीदारी की।
राष्ट्रीय सम्मेलन में केंद्र सरकार और राज्य सरकारों की जन विरोधी, आदिवासी विरोधी एवं लोकतंत्र विरोधी नीतियों…
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लघु वन उत्पादों से बेदखल होते आदिवासी
अपने तरह-तरह के जैविक, सामाजिक और प्राकृतिक उपयोगों के आलावा आजकल जंगल व्यापार-धंधे में भी भारी मुनाफा कूटने के काम…
वन जमीन डायवर्जन नियम में संशोधन : कारपोरेट के सामने नतमस्तक सरकार
मोदी सरकार की “ईज़ ऑफ डूइंग बिज़नेस” नीति के तहत केंद्रीय वन, पर्यावरण एव जलवायु परिवर्तन मंत्रालय द्वारा 28 जून 2022 को वन सरंक्षण अधिनियम 1980 के नियम में संशोधन किया है। नियमों में संशोधन के अनुसार वन जमीन को निजी पूंजी-कंपनियों के लिए डायवर्जन के सम्बन्ध में त्वरित कार्यवाही की जाएगी। इस प्रक्रिया में राज्य सरकार तथा संवैधानिक ग्रामसभा की…
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