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विस्थापन विरोधी आंदोलन
सिंगरौली: इंसान और ईमान का नरक कुंड
अधूरा पिलर, जिससे वन क्षेत्र को घेरा जाना है और उसके पीछे कंपनी के खिलाफ गोलबंद अमिलिया की औरतें
विकास के मॉडल पर मौजूदा बहस को और साफ़ करने के लिहाज से इन सवालों की ज़मीनी पड़ताल करती एक रिपोर्ट सीधे सिंगरौली से हम पाठकों के लिए प्रस्तुत कर रहे हैं, ताकि वे जान सकें कि मानव विकास के असली विरोधी कौन हैं और सरकार जिस विकास की बात…
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सिंगरौली: इंसान और ईमान का नरक कुंड
अमिलिया गांव में दाहिने से विजय शंकर सिंह, कृपा यादव और बेचन लाल साहू
विकास के मॉडल पर मौजूदा बहस को और…
बंजर जमीने दिखाकर प्रताड़ित किया जा रहा है विस्थापितों को
सर्वोच्च न्यायलय ने 11 मई 2011 को अपने आदेश में स्पष्ट निर्देश दिया था कि विस्थापितों को उनकी मूल…
ये प्यास है बड़ी : न्याय को निगलने की कोशिश में कोका कोला
उत्तर प्रदेश के वाराणसी जिले के मेंहदीगंज स्थित कोला कोका प्लांट को भूजल व् प्रदुषण के लिए जिम्मेदार मानते हुए प्रदुषण नियंत्रण बोर्ड उ ० प्र ० ने गत 6 जून 2014 को बंद कर था. इस आदेश के खिलाफ कोका कोला ने राष्ट्रीय ग्रीन ट्राइब्यूनल अपील की थी.
कोका कोला प्लांट मेहदीगंज बंद होने के उपलक्ष्य में विजय जुलुस
20 जून, 2014 को कोका कोला…
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आई बी रिपोर्ट का इस्तेमाल कर एस्सार गांववालों को ग्रीनपीस के खिलाफ भड़का रहा है
सिंगरौली, मध्यप्रदेश, 20 जून2014। एक वन संरक्षण कार्यकर्ता को सिंगरौली पुलिस ने अमिलिया में ग्रामसभा की…
ग्रामीणों की ऐतिहासिक जीत : कोका कोला मेहदीगंज का प्लांट बंद
आख़िरकार 12 वर्ष लम्बे संघर्ष का परिणाम रंग लाया और भूजल व् प्रदुषण के लिए जिम्मेदार कोका कोला प्लांट…
तीन महीने पहिले वह गाँव था; अब उस गाँव का अस्तित्व नहीं है !
चित्र –छह माह पहले के है , पर्रासपानी गाँव के घर ,स्कूल बच्चे ,खेत ,नदी आदि
घने जंगल के बीच देनवा नदी के रमणीक और मनमोहक किनारे पर बसा छोटा सा गाव था पर्रासपानी. पिपरिया तहसील,जिला होशंगाबाद, मध्य प्रदेश मे स्थित इस गाँव मे गोंड –कोरकू जनजाति के लोग सैकड़ो साल से निवास कर रहे है. सतपुड़ा टाइगर रिज़र्व के कोर जोन के बीच बसे गांवो को हटाने का काम…
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वन सत्याग्रहियों को किया सम्मानित, पर्यावरण दिवस पर लिया महान जंगल को बचाने का…
सिंगरौली। 5 जून 2014। महान जंगल क्षेत्र के ग्रामीण एक बार फिर पुलिस-प्रशासन और कंपनी के साझेदारी के खिलाफ…
सिंगरौली पुलिस-प्रशासन के खिलाफ सामाजिक संगठनों ने उठायी आवाज
बेचनलाल की रिहाई और फर्जी ग्राम सभा पर एफआईआर दर्ज कराने की मांग को लेकर लामबंद हुए सामाजिक संगठन …
सिंगरौली में पुलिसिया दमन और कंपनियों के गठजोड़ के खिलाफ जनसंगठनों की लामबंदी तेज
पुलिस की तानाशाही बनाम जनता के अधिकार के सवाल पर पूरी ताकत से बोलने
की जरुरत है। अतः आप सबसे अपील है कि आप भी इस अन्याय, आत्याचार के खिलाफ
शांतिपूर्वक तरीके से अपना विरोध दर्ज करवाने के लिए बड़ी संख्या में 19 मई
को बैढन चलें। सिंगरौली में पुलिस और कंपनियों के गठजोड़ के खिलाफ़
सोमवार 19 मई 2014 को आयोजित एक दिवसीय विरोध प्रदर्शन के लिये…
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