संघर्ष संवाद
Sangharsh Samvad
.

राज्यवार रिपोर्टें

राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग को 9 माह से मुख्य सचिव की रिपोर्ट का इंतजार : करछना के किसानों पर पुलिसिया दमन

गत वर्ष सितबंर महीने की 9 तारीख को उत्तर प्रदेश के इलाहाबाद जिले में करछना तहसील के कचरी गांव में ‘किसान कल्याण संघर्ष समिति’ करछना के बैनर तले जेपी पॉवर प्लांट के भूमि अधिग्रहण के विरोध में धरना दे रहे किसानों का पुलिस द्वारा क्रूर दमन किया गया था। 9 सितम्बर 2015 की सुबह 7 बजे किसान आंदोलनकारियों पर पुलिस कहर बनकर टूट पड़ी थी। नाबालिग से…
और पढ़े...

झारखण्ड : स्थानीय निति, CNT और SPT एक्ट के संशोधन के विरुद्ध प्रदर्शन

-सच्चिदानंद सोरेन दुमका(स.प.) रामगढ़ प्रखंड के सुसनिया पंचायत के अन्तर्गत धोधूमा गांव के मातकोम टंडी में…

जल-हल पदयात्रा : भोपाल में 26 मई को आयोजित हो रहा है प्रदेश स्तरीय जल हल सम्मेलन

मराठवाड़ा से बुंदेलखंड 21 मई से 31 मई तक होने वाली जल हल पदयात्रा के साथी 26 मई को भोपाल पहुंच रहे है…

हिंदुस्तान पॉवर प्लांट के बॉयलर फटने से एक मजदूर की मौत, दो दर्जन से ज्यादा घायल : शुरू हुआ लीपापोती का खेल !

मध्य प्रदेश के अनूपपुर जिला मुख्यालय से पन्द्रह कि.मी. दूरी पर स्थित हिन्दुस्तान पावर प्राइवेट लि. (एम.बी.पावर) जैतहरी के यूनिट प्लांट क्र. 2 में कोयले का बायलर फटने से वहां कार्यरत प्रफुल्ल कुमार की मौत हो गई, वहीँ दो दर्जन से ज्यादा मजदूर घायल हो गए। ज्ञात रहे यह वही प्लांट है जहाँ पर भारतीय किसान यूनियन 2012 से संघर्षरत है। अभी…
और पढ़े...

भोपाल गैस पीड़ित : अंतर्राष्ट्रीय समर्थकों ने शुरू किया हस्ताक्षर अभियान, आप भी एक…

भोपाल गैस पीड़ितों के समर्थकों के बयान 30 साल बाद भी भोपाल गैस हादसे का कानूनी हल न होने की वजह से…

अरूणाचल प्रदेश में हाइड्रो पावर परियोजना का विरोध कर रहे ग्रामीणों पर बर्बर…

अरुणाचल प्रदेश के तवांग क्षेत्र में राष्ट्रीय हाइड्रो इलेक्ट्रिक पावर कॉर्पोरेशन(एनएचपीसी) और भीलवाड़ा के द्वारा…

जल-हल पदयात्रा : मराठवाड़ा से बुंदेलखंड; 21 – 31 मई 20 16

स्वराज अभियान, किसान संघर्ष समिति, एकता परिषद, जल बिरादरी और जनांदोलनों का राष्ट्रीय समन्वय की एक संयुक्त पहल के तहत 21 मई से 31 मई 20 16 तक मराठवाड़ा से बुंदेलखंड तक दस दिवसीय पदयात्रा की जाएगी । इस दौरान यह संगठन सूखे की मार झेल रहे किसानों की हालत का जायजा लेने और जमीनी हकीकत का आकलन करने के बाद वह आगे की राह तय करेंगे; देश के बहुत…
और पढ़े...

रमन सरकार के क्रूर दमन का शिकार हुर्रे : गर्भवती आदिवासी महिला को बंदूक के बट से…

तामेश्वर सिन्हा छत्तीसगढ़; यहाँ जान से जाना आम बात है, आदिवासियों की जिंदगी की कोई अहिमियत नही समझती सरकार और…

भोपाल गैस कांड अपील : व्हाइट हाउस की वेबसाइट पर एक लाख हस्ताक्षर जुटाने में मदद करें ताकि अमेरिकी सरकार जवाब दे

अपील पर यहां हस्ताक्षर करें अपील पर यहां हस्ताक्षर करें दिसंबर 1984 में भोपाल-स्थित डाव-कार्बाइड फैक्टरी में जहरीली गैस के रिसाव से 8,000 से ज़्यादा लोग मारे गए और लाखों लोग अपंग हुए. यह 'दुर्घटना' पूरी तरह कंपनी द्वारा की गयी फंड-कटौती और सुरक्षा लापरवाही का नतीजा थी, जिसमें सुरक्षा मानकों का कई सालों तक जानते-बूझते उल्लंघन किया गया था.…
और पढ़े...