बिहार : भूमि अधिकार की मांग पर जन संगठनों द्वारा आयोजित भूमि अधिकार जन जुटान
खूब चली आगे जमीन पीछे वोट नहीं जमीन तो नहीं वोट की हवा
विधान सभा चुनाव के बाद लोक सभा में भी जारी
पटना, 20 फरवरी। भूमि अधिकार जन जुटान रैली के संयोजक हैं प्रदीप प्रियदर्शी। इनके बहुआयामी नेतृत्व में 15 से अधिक जन संगठनों का महा संगठन बना। जन संगठन एकता परिषद, जन मुक्ति वाहिनी (जसवा), दलित अधिकार मंच, लोक समिति, लोक मंच, असंगठित क्षेत्र कामगार…
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महाराष्ट्र : एक बार फिर सड़क पर उतरे किसान, नासिक से मुंबई तक करेंगे मार्च
इससे पहले मार्च 2018 को किसानों ने अपनी मांगों के साथ नासिक से मुंबई तक लंबी रैली की थी. आरोप है कि महाराष्ट्र की…
सुप्रीम कोर्ट का फरमान : इक्कीस राज्यों के दस लाख आदिवासी खाली करें ज़मीन
सुप्रीम कोर्ट ने बीती 13 फरवरी को एक बेहद अहम फैसला सुनाते हुए 21 राज्यों को आदेश दिए हैं कि वे अनुसूचित जनजातियों…
उत्तर प्रदेश : नदी कटान से बेघर व भूमिहीन होते लोगों ने शुरू की भूख हड़ताल
उत्तर प्रदेश के सीतापुर में कटान रोको संघर्ष मोर्चा के साथी 3 जनवरी 2019 से काशीपुर कम्हरिया में भूख हड़ताल पर है क्योंकि उनकी कटान रोधी परियोजना पास नहीं हुई है क्योंकि उनकी जमीन पैमाइश नहीं हुई क्योंकि उनकी नदी में कटी जमीनों व् फसल की क्षतिपूर्ति नहीं मिली. पढ़िए ऋचा सिंह की टिप्पणी;
माघ की ठण्ड, वह भी जब नदी के किनारे एक पतले टेंट के नीचे रात…
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देश भर से दिल्ली में जुटेंगे छात्र-नौजवान, मांगों के साथ घेरेंगे 7 फ़रवरी को संसद
नई दिल्ली: युवा भारत राष्ट्रीय समन्वय समिति देश भर के 50 से ज़्यादा युवा-छात्र संगठनों को एकजुट करने का दावा कर रही…
मोदी सरकार की जनविरोधी नीतियों के खिलाफ ट्रेड यूनियनों की देशव्यापी हड़ताल; 8-9…
भाइयों/बहनों
केंद्र की मोदी सरकार ने अपने साढ़े चार साल के कार्यकाल में देशी-दिवेशी कॉर्पोरेट कंपनियों के पक्ष…
राजस्थान : जिंदा मक्खी निगलने को मजबूर कुतुबपुरा के निवासी; कान में तेल डालकर बैठा प्रशासन
मनदीप पुनिया / जितेंद्र चाहर
राजस्थान में शुक्रवार को विधानसभा चुनाव के लिए मतदान होना है और झुंझनूं जिले की एक एक पंचायत में महीने भर से धरने पर बैठे लोगों ने चुनाव का बहिष्कार करने का नारा दे दिया है क्योंकि उनकी जिंदगी मक्खियों ने तबाह कर दी है। अफसरों से लेकर नेताओ तक सबसके चक्कर लग चुके हैं लेकिन कुतुबपुरा के लोग अब भी जिंदा मक्खी निगलने…
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किसान मुक्ति मार्च : AIKSCC ने जारी किया भारतीय किसानों का घोषणापत्र
भारतीय किसानों का घोषणापत्र
अखिल भारतीय किसान संघर्ष समन्वय समिति द्वारा आयोजित ऐतिहासिक किसान मुक्ति मार्च के…
उत्तराखण्ड : संगीनों के साए में जखोल साकरी बांध परियोजना की जनसुनवाई
उत्तरकाशी 28 नवम्बर 2018। उत्तराखंड के छोटे से मोरी ब्लॉक में आज बैरिकेडिंग थी और बड़ी मात्रा में पुलिस थी। नजारा…
सावधान मोदी सरकार! किसान आ रहे हैं : कृषि विरोधी नीतियों के खिलाफ देश भर के किसानों के दिल्ली कूच 29-30 नवंबर का समर्थन करें
29 नवम्बर के मार्च में शामिल किसानों का अभिनंदन करो
30 नवम्बर को संसद मार्ग पर किसान रैली में शामिल हों
दिल्ली 27 नवम्बर 2018। विशाल कृषि संकट और केवल उससे जुड़े मुद्दों पर ही विचार-विमर्श करने के लिए संसद का तीन-साप्ताही विशेष सत्र बुलाओ। इससे पिछले 20 वर्षों में 3 लाख से ऊपर किसानों की हत्या जुड़ी इस ज्वलंत समस्या पर राष्ट्र का ध्यान केन्द्रित…
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