संघर्ष संवाद
Sangharsh Samvad

36 साल बाद नर्मदा विस्थापितों को एक बार फिर उजाड़ने को तैयार गुजरात सरकार

सन 1980 के दौरान पहली बार नर्मदा बांध से विस्थापित मध्य प्रदेश के 19 गाँवों के आदिवासियों को अपना गाँव छोड़कर, गुजरात के जिला नर्मदा के केवाडिया कॉलोनी स्थित पुनर्वास स्थल पर जाने के लिए मजबूर होना पड़ा था | इस विस्थापन से उनकी भाषा-संकृति, पर्यावरण भी प्रभावित हुआ था पर उन्होंने फिर भी अपने हकों के लिए लड़ाई जारी…
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नवलगढ़ की महिलाओं ने किया मुख्यमंत्री से सवाल : किसके हक में है यह विकास ?

राजस्थान के नवलगढ़ में पिछले 2500 से भी ज्यादा दिनों से बांगड़-बिड़ला सीमेंट प्लांट के विरुद्ध हो रहे अवैध…

फिर मंडराया सिंगरौली पर विस्थापन का संकट : एक लाख से ज्यादा लोगों को उजाड़ने की…

देश की ऊर्जा राजधानी के रूप में प्रख्यात सिंगरौली क्षेत्र एक बार फिर गहरे संकट की ओर बढ़ रहा है। सिंगरौली की जो…

नर्मदा बांध विस्थापित गुजरात के अनशनकारियों को देश भर के जन संघर्षों का समर्थन

गुजरात के बड़ोदरा शहर के केवड़िया कॉलोनी में नर्मदा बांध विस्थापित आदिवासी पिछले 6 दिनों से क्रमिक अनशन पर बैठे हैं। अनशनकारियों का कहना है कि पुनर्वास पूरा हुए बिना ही सरदार सरोवर का काम पूरा कर दिया गया है। अनशन पर बैठे इन आंदोलनकारियों का देश भर के जनसंघर्षों ने पूर्ण समर्थन किया है तथा आंदोलन के अंजाम तक पहुंचने तक…
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पेंच बांध से विस्थापित शरणार्थियों से भी बदतर जीवन जीने को मजबूर : जांच दल की…

इस तस्वीर को ध्यान से देखिए, यह तस्वीर मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा में पेंच बांध से विस्थापित लोगों को बसाने के…

जबरन भूमि अधिग्रहण, कार्पोरेट लूट और फासीवाद के खिलाफ निर्णायक जंग का एलान :देश भर…

देश में वैश्विक पूंजी के हमले की वजह से बढ़ते निरंकुश कॉर्पोरेटीकरण तथा महत्वपूर्ण क्षेत्रों में प्रत्यक्ष…

गुजरात मॉडल की सच्चाई : आंकड़ों के फर्जीवाड़े और पसंदीदा कार्पोरेटों की लूट का मॉडल

भूमि अधिकार आंदोलन के बैनर तले चल रहे तीन दिवसीय जनसंघर्षों के राष्ट्रीय सम्मेलन के दूसरे दिन 17 जुलाई 2016 को गुजरात मॉडल की वास्तविकता पर चर्चा की गई। जिस गुजरात मॉडल को आज देश में बेचने की कोशिश की जारही है दरसल वह मॉडल आदिवासियों, दलितों और मजदूरों के हको के खून पर खड़ा है । इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि गुजरात में जहां एक…
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जनसंघर्षों के राष्ट्रीय सम्मेलन के तीसरे और अंतिम दिन सुबह 10 बजे से खुला सत्र

भूमि अधिकार आंदोलन के बैनर तले अहमदाबाद के गुजरात विद्यापीठ में आयोजित हो रहे जनसंघर्षों के राष्ट्रीय सम्मेलन…

जल-जंगल-जमीन-जनतंत्र की रक्षा के लिए जनसंघर्षों का राष्ट्रीय सम्मेलन कल, 16 जुलाई 2016, से शुरु

देश की आम जनता के अधिकारों, पर्यावरण, प्राकृतिक संसाधन व जमीन को बचाने के लिए एक होकर आगे की रणनीति तय करने के लिए भूमि अधिकार आंदोलन के बैनर तले गुजरात के अहमदाबाद शहर में जल-जंगल-जमीन-जनतंत्र की रक्षा के लिए जनसंघर्षों का राष्ट्रीय सम्मेलन कल, 16 जुलाई 2016, से शुरु हो रहा है। 16-18 जुलाई 2016 तक चलने वाले इस तीन दिवसीय सम्मेलन में देश के…
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