संघर्ष संवाद
Sangharsh Samvad

विकास का नहीं, विनाश का राज्योत्सव

शहीद शंकर गुहा नियोगी संघर्ष और निर्माण के महान रचनाकार थे। उन्होंने ‘नवा भारत बर नवा छत्तीसगढ़’ का सूत्र वाक्य गढ़ते हुए यह नारा दिया था कि ‘हम बनाबो नवा पहिचान, राज करही मजदूर किसान।‘ मेहनतकश जनता पर जारी जोर-जुलुम के इस बर्बर और वीभत्स दौर में यह नारा आज भी बेहतरी की चाहत रखनेवालों के लिए प्रकाश स्तंभ सरीखा है। भिलाई में 28 अगस्त 1991 को आयोजित जन…
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कूडनकुलम भविष्य की भोपाल त्रासदी हो सकता है : नॉम चौम्स्की

संयुक्त राज्य अमेरिका के मैसाचुसेट्स इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलोजी के अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर ख्याति प्राप्त शिक्षाविद्…

डॉ. सुनीलम जेल में: फसल कटाई की मोहलत नहीं, धारा 144 और गाँव खाली करने का आदेश

देश के नागरिकों से अपील मध्य प्रदेश के छिंदवाडा जिले में प्रस्तावित अडानी-पेंच पवार प्लांट परियोजना और पेंच…

दयामनी की हिरासत बड़ी, नगड़ी में पुलिस के साए तले निर्माण का अदालती फरमान जारी

नगड़ी मामला: कड़ी सुरक्षा में करायें निर्माण (प्रभात खबर) झारखंड हाइकोर्ट ने सरकार से कहा है कि नगड़ी में प्रस्तावित लॉ यूनिवर्सिटी के निर्माण में कोई बाधा नहीं आनी चाहिए. इसका निर्माण तेजी से हर हाल में सुनिश्चित कराया जाये. निर्माण स्थल पर सुरक्षा मुहैया करायी जाये, चाहे इसके लिए सीआरपीएफ या सीआइएसएफ के जवानों को क्यों न लगाना पड़े. नगड़ी…
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भाड़ में जायें किसान और किसानी

छत्तीसगढ़ का निर्माण-गीत 2 अक्तूबर 1988 को छत्तीसगढ़ मुक्ति मोर्चा ने रायपुर में विशाल रैली का आयोजन किया था। रैली के समापन पर आयोजित जनसभा में दिये गये भाषण में शहीद नियोगी ने बेहतरी से जुड़े तमाम मसलों की रोशनी में अपने इस लोकप्रिय नारे की सुगठित व्याख्या की थी कि- ‘हम बनाबो नवी पहिचान, राज करही मज़दूर किसान।’ उस रैली में शहडोल निवासी मशहूर जन कवि…
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अवैध खनन विरोधी आंदोलन: बर्बर दमन के बिच जारी है

गुजरी 23 अक्टूबर को राजस्थान के सीकर जिले की नीम का थाना तहसील के ग्राम डाबला में जारी अवैध खनन विरोधी आंदोलन के…

दयामनी बारला: कब होगा न्याय ?

दयामनी बारला मामले में आज रांची के मजिस्ट्रेड कोर्ट में सुनवाई के बाद उनकी जमानत याचिका को खरिज कर दिया गया है वही आज खूंटी, कर्रा, तोरपा, रनिया, कामडरा और बसिया के आदिवासी दयामनी बरला की रिहाई की मांग को ले कर रांची में राजभवन के सामने पर्दर्शन कर रहे है. पेश है अलोका कि यह रिपोर्ट; आदिवासी विस्थपन के विरोध में और उनके अधिकारों के लिए झारखंड…
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